• Thu. Sep 17th, 2026

लाइसेंस बनाने के बदले रोहतक में ₹40 हजार रिश्वत लेते क्लर्क गिरफ्तार

लाइसेंस बनाने के बदले रोहतक में ₹40 हजार रिश्वत लेते क्लर्क गिरफ्तारलाइसेंस बनाने के बदले रोहतक में ₹40 हजार रिश्वत लेते क्लर्क गिरफ्तार

रोहतक। हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (SV&ACB) की रोहतक टीम ने कथित रिश्वतखोरी के मामले में नई अनाज मंडी स्थित जोनल मार्केटिंग इन्फोर्समेंट ऑफिस (ZMEO) में तैनात एक क्लर्क को गिरफ्तार किया है। ब्यूरो के अनुसार, आरोपी क्लर्क राकेश को ₹40 हजार की रिश्वत लेते हुए मौके पर पकड़ा गया।

ब्यूरो के मुताबिक, आरोपी ने एक एग्रो फूड कंपनी का लाइसेंस बनवाने की एवज में शिकायतकर्ता से ₹40 हजार की रिश्वत मांगी थी। मामले में SV&ACB रोहतक थाने में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7 के तहत केस दर्ज किया गया है।

नरेला की कंपनी ने लाइसेंस के लिए किया था आवेदन

ACB को दी शिकायत के अनुसार, शिकायतकर्ता की नरेला में एग्रो फूड कंपनी है। कंपनी की ओर से पानीपत मार्केट कमेटी के अंतर्गत एक जोन का लाइसेंस बनवाने के लिए आवेदन किया गया था।

शिकायत के मुताबिक, लाइसेंस से संबंधित फाइल तैयार कर मार्केट कमेटी में जमा कराई गई थी। इसके बाद फाइल को आगामी कार्रवाई के लिए नई अनाज मंडी स्थित ZMEO कार्यालय भेजा गया।

शिकायतकर्ता जब फाइल की स्थिति जानने के लिए कार्यालय पहुंचा, तो वहां तैनात क्लर्क राकेश ने कथित तौर पर लाइसेंस बनवाने के बदले ₹40 हजार की रकम मांगी।

शिकायत के बाद ACB ने बनाई रेडिंग टीम

शिकायत मिलने के बाद राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने मामले की जांच की। इसके बाद नियमानुसार कार्रवाई के लिए रेडिंग टीम का गठन किया गया।

ब्यूरो के अनुसार, निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्रवाई करते हुए टीम ने आरोपी क्लर्क राकेश को शिकायतकर्ता से ₹40 हजार लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। ACB ने बताया कि कार्रवाई स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में की गई।

मामले में आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। आरोपों पर अंतिम निर्णय संबंधित न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।

रिश्वत मांगे जाने पर इन नंबरों पर करें शिकायत

हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के निदेशक डॉ. एएस चावला ने कहा कि भ्रष्टाचार में संलिप्त लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने आमजन से अपील की कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगता है, तो इसकी सूचना टोल-फ्री नंबर 1800-180-2022 या 1064 पर दी जा सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *